फीफा वर्ल्ड कप 2026 में रविवार को ग्रुप-सी के मुकाबलों ने दर्शकों को रोमांच से भर दिया। पांच बार की विश्व चैंपियन ब्राजील को मोरक्को के खिलाफ जीत नहीं मिल सकी और दोनों टीमों के बीच मुकाबला 1-1 की बराबरी पर समाप्त हुआ। वहीं दूसरे मैच में स्कॉटलैंड ने हैती को 1-0 से हराकर टूर्नामेंट में शानदार शुरुआत की और अंक तालिका में शीर्ष स्थान हासिल कर लिया।
दिन के सबसे चर्चित मुकाबले में ब्राजील और मोरक्को आमने-सामने थे। कागजों पर ब्राजील को मजबूत माना जा रहा था, लेकिन मोरक्को ने एक बार फिर साबित किया कि वह बड़े टूर्नामेंटों में किसी भी दिग्गज टीम को चुनौती देने की क्षमता रखता है। मुकाबले के दौरान दोनों टीमों ने आक्रामक खेल दिखाया, लेकिन अंत में दोनों को एक-एक अंक से संतोष करना पड़ा।
इस परिणाम के बाद ग्रुप-सी की स्थिति दिलचस्प हो गई है। स्कॉटलैंड तीन अंकों के साथ पहले स्थान पर पहुंच गया है, जबकि मोरक्को और ब्राजील के खाते में एक-एक अंक हैं। हैती को पहले मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा और वह फिलहाल अंतिम स्थान पर है।
स्कॉटलैंड ने जीत के साथ किया अभियान का आगाज
दिन के दूसरे मुकाबले में स्कॉटलैंड ने हैती को 1-0 से मात देकर अपने प्रशंसकों को खुश होने का मौका दिया। यह जीत कई मायनों में ऐतिहासिक रही। स्कॉटलैंड ने लंबे समय बाद विश्व कप में जीत दर्ज की और टूर्नामेंट में अपने अभियान की शुरुआत सकारात्मक अंदाज में की।
मैच की शुरुआत से ही स्कॉटलैंड ने आक्रमण करने की रणनीति अपनाई। शुरुआती मिनटों में ही टीम ने हैती के गोल पर दबाव बनाना शुरू कर दिया था। स्कॉट मैकटॉमिने ने हेडर के जरिए पहला मौका बनाया, लेकिन गेंद लक्ष्य से बाहर चली गई। इसके कुछ ही समय बाद उनका एक और प्रयास पोस्ट से टकराकर लौट आया।
लगातार हमलों का फायदा स्कॉटलैंड को पहले हाफ में मिला। मैच के 29वें मिनट में एक तेज आक्रमण के दौरान चे एडम्स ने गेंद बेन गैनन-डोक को सौंपी। उनके क्रॉस को हैती के रक्षकों ने रोक दिया, लेकिन गेंद बॉक्स के बाहर खड़े जॉन मैक्गिन तक पहुंच गई। मैक्गिन ने बिना समय गंवाए जोरदार शॉट लगाया। रास्ते में डिफेंडर से हल्का डिफ्लेक्शन मिलने के कारण गेंद दिशा बदलते हुए गोल में समा गई और स्कॉटलैंड को 1-0 की बढ़त मिल गई।
यह बढ़त अंत तक निर्णायक साबित हुई। हालांकि हैती ने बराबरी के लिए कई प्रयास किए, लेकिन स्कॉटलैंड की रक्षापंक्ति और गोलकीपर एंगस गन ने उन्हें सफल नहीं होने दिया।
हैती ने की वापसी की कोशिश
गोल खाने के बाद हैती ने मुकाबले में वापसी के लिए आक्रामक रुख अपनाया। टीम ने कई अच्छे मूव बनाए और स्कॉटलैंड के डिफेंस को दबाव में रखा। रुबेन प्रोविडेंस ने एक शानदार मौका बनाया, लेकिन गोलकीपर एंगस गन ने बेहतरीन बचाव करते हुए स्कॉटलैंड की बढ़त कायम रखी।
दूसरे हाफ में हैती ने गेंद पर ज्यादा नियंत्रण रखने की कोशिश की। टीम ने विंग्स से लगातार हमले किए, लेकिन अंतिम पास और फिनिशिंग में कमी दिखाई दी। दूसरी ओर स्कॉटलैंड भी जवाबी हमलों के जरिए दूसरा गोल करने की कोशिश करता रहा।
जॉन मैक्गिन के पास मुकाबले के दौरान दूसरा गोल करने का भी मौका आया, लेकिन उनका शॉट निशाने से चूक गया। इसके बावजूद स्कॉटलैंड ने अपनी एक गोल की बढ़त को सुरक्षित रखा।
अंतिम मिनटों में बढ़ा रोमांच
मुकाबले के आखिरी क्षणों में हैती ने पूरी ताकत झोंक दी। टीम ने लगातार क्रॉस और लॉन्ग बॉल के जरिए स्कॉटलैंड के गोल पर दबाव बनाया। फ्रांत्जी पियेरो के पास बराबरी का सबसे अच्छा मौका आया, लेकिन उनका हेडर पोस्ट के बाहर निकल गया।
इसके बाद स्कॉटलैंड ने समय का सही उपयोग करते हुए खेल की गति को नियंत्रित रखा और आखिरकार 1-0 की महत्वपूर्ण जीत दर्ज कर ली। इस जीत ने टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया है और वह अब ग्रुप चरण के अगले मुकाबलों में मजबूत स्थिति में दिखाई दे रही है।
मोरक्को ने ब्राजील को दिया कड़ा मुकाबला
ग्रुप-सी के सबसे बड़े मुकाबले में मोरक्को ने शुरुआत से ही सकारात्मक और आक्रामक फुटबॉल खेली। टीम ने ब्राजील को गेंद पर अधिक समय देने के बावजूद मौके बनाने से नहीं रोका। मोरक्को के खिलाड़ी हर विभाग में अनुशासित नजर आए।
मुकाबले का पहला गोल 21वें मिनट में आया। मोरक्को के नुसैर मजराउई ने मिडफील्ड में लुकास पाकेटा से गेंद छीनी और तेजी से आगे बढ़ते हुए ब्राहिम डियाज को पास दिया। डियाज ने शानदार थ्रू बॉल खेली, जिस पर इस्माइल साइबारी ने बेहतरीन रन लगाया। साइबारी ने ब्राजील के गोलकीपर एलिसन बेकर के ऊपर से गेंद को चिप करते हुए गोल में पहुंचा दिया और मोरक्को को 1-0 की बढ़त दिला दी।
गोल के बाद मोरक्को के खिलाड़ियों का आत्मविश्वास और बढ़ गया। टीम ने कुछ समय तक ब्राजील को दबाव में भी रखा और उसके आक्रमणों को सफलतापूर्वक रोका।
विनिसियस ने दिलाई ब्राजील को राहत
मोरक्को की बढ़त ज्यादा देर तक कायम नहीं रह सकी। ब्राजील ने गोल खाने के बाद तेजी से प्रतिक्रिया दी और आक्रमण तेज कर दिया। मैच के 32वें मिनट में ब्रूनो गिमारेस और विनिसियस जूनियर के बीच शानदार तालमेल देखने को मिला।
बाएं हिस्से से गेंद लेकर आगे बढ़े विनिसियस ने डिफेंडरों को छकाते हुए बॉक्स के अंदर प्रवेश किया और फिर ताकतवर राइट फुट शॉट लगाया। गेंद मोरक्को के अनुभवी गोलकीपर यासीन बूनू को चकमा देती हुई सीधे नेट में चली गई। इस गोल के साथ स्कोर 1-1 हो गया।
यह विनिसियस जूनियर के अंतरराष्ट्रीय करियर का 10वां गोल था। हालांकि दिलचस्प बात यह रही कि ब्राजील के लिए उनके गोल करने के बावजूद टीम जीत हासिल नहीं कर सकी। इससे पहले जब भी विनिसियस ने राष्ट्रीय टीम के लिए गोल किया था, ब्राजील को जीत मिली थी।
दूसरे हाफ में दोनों टीमों ने बनाए मौके
बराबरी के बाद मुकाबला और रोमांचक हो गया। दोनों टीमों ने दूसरे हाफ में जीत हासिल करने के लिए लगातार प्रयास किए। ब्राजील ने गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा और कई बार मोरक्को के डिफेंस को तोड़ने की कोशिश की, लेकिन अफ्रीकी टीम ने शानदार रक्षात्मक प्रदर्शन किया।
दूसरी ओर मोरक्को ने भी जवाबी हमलों के जरिए खतरा पैदा किया। तेज काउंटर अटैक और सटीक पासिंग की बदौलत उसने ब्राजील की रक्षापंक्ति को सतर्क बनाए रखा। हालांकि दोनों पक्षों को कुछ अवसर मिले, लेकिन कोई भी टीम निर्णायक गोल नहीं कर सकी।
अंततः निर्धारित समय समाप्त होने तक स्कोर 1-1 ही रहा और दोनों टीमों को एक-एक अंक मिला।
ब्राजील का रिकॉर्ड बरकरार
हालांकि ब्राजील जीत हासिल नहीं कर पाया, लेकिन टीम ने विश्व कप के पहले मैचों में अपना लंबा अपराजित रिकॉर्ड कायम रखा। ब्राजील आखिरी बार 1934 में स्पेन के खिलाफ विश्व कप का शुरुआती मुकाबला हारा था। तब से टीम लगातार अपने पहले मैचों में हार से बचती रही है।
इस दौरान ब्राजील ने 17 जीत दर्ज की हैं और कई मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। यही कारण है कि मोरक्को के खिलाफ ड्रॉ के बावजूद टीम का यह खास रिकॉर्ड कायम रहा।
नेमार की कमी महसूस हुई
ब्राजील इस बार 2002 के बाद अपना पहला विश्व कप खिताब जीतने के लक्ष्य के साथ टूर्नामेंट में उतरा है। हालांकि शुरुआती मुकाबले में टीम को अपने अनुभवी स्टार खिलाड़ी नेमार की अनुपस्थिति खली। पिंडली की चोट से उबर रहे नेमार इस मैच में हिस्सा नहीं ले सके।
उनकी गैरमौजूदगी में विनिसियस जूनियर, ब्रूनो गिमारेस और अन्य खिलाड़ियों ने जिम्मेदारी संभालने की कोशिश की, लेकिन टीम जीत हासिल करने में सफल नहीं रही।
अब ग्रुप-सी में आगे के मुकाबले बेहद महत्वपूर्ण हो गए हैं। स्कॉटलैंड ने जीत के साथ बढ़त बना ली है, जबकि ब्राजील और मोरक्को को अगले मैचों में बेहतर प्रदर्शन कर नॉकआउट चरण की राह आसान करनी होगी। वहीं हैती भी वापसी की उम्मीद के साथ अपने अगले मुकाबले में उतरेगी।